संभल/बहजोई। घरों और खेतों में निकलने वाले सांपों को सुरक्षित पकड़कर जंगल में छोड़ने के लिए क्षेत्र में पहचान रखने वाले जाबुल शुक्रवार को एक कोबरा सांप का रेस्क्यू करते समय खुद सर्पदंश का शिकार हो गए। रेस्क्यू के दौरान कोबरा ने अचानक हमला कर उन्हें डस लिया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। परिजन और स्थानीय लोगों ने बिना समय गंवाए उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) बहजोई पहुंचाया।
अस्पताल में चिकित्सकों ने तुरंत उनका उपचार शुरू किया। आवश्यक जांच के बाद उन्हें एंटी-स्नेक वेनम (एएसवी) इंजेक्शन लगाया गया। डॉक्टरों के अनुसार समय पर अस्पताल पहुंचने और सही इलाज मिलने से उनकी जान बच गई तथा अब उनकी हालत खतरे से बाहर है।
उपचार के बाद जाबुल ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि यदि किसी व्यक्ति को सांप काट ले तो झाड़-फूंक, तंत्र-मंत्र या घरेलू उपचार के भरोसे समय बर्बाद न करें। ऐसी स्थिति में तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल पहुंचना चाहिए, क्योंकि एंटी-स्नेक वेनम ही सर्पदंश का वैज्ञानिक और प्रभावी उपचार है।
चिकित्सकों ने भी लोगों से जागरूक रहने की अपील करते हुए कहा कि सर्पदंश की घटना को हल्के में न लें। मरीज को शांत रखें, प्रभावित अंग को कम से कम हिलाएं और जितनी जल्दी संभव हो अस्पताल पहुंचाएं। समय पर उपचार मिलने से अधिकांश सर्पदंश पीड़ितों की जान बचाई जा सकती है।