भारत के विदेश मंत्री Subrahmanyam Jaishankar गुरुवार से शुक्रवार तक France के अहम दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह Group of Seven देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेंगे। यह दौरा वैश्विक कूटनीति के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इसमें दुनिया के कई ज्वलंत मुद्दों पर चर्चा होने वाली है।
भारत के विदेश मंत्रालय के अनुसार, जयशंकर यह दौरा फ्रांस के यूरोप और विदेश मामलों के मंत्री Jean-Noël Barrot के निमंत्रण पर कर रहे हैं। इस दौरान वे G7 विदेश मंत्रियों की बैठक में भाग लेने के साथ कई देशों के अपने समकक्षों के साथ द्विपक्षीय वार्ताएं भी करेंगे।
बैठक में खास तौर पर Russia–Ukraine War से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। इसमें यूक्रेन के पुनर्निर्माण, सुरक्षा और मानवीय सहायता जैसे विषयों पर अलग-अलग सत्र आयोजित किए जाएंगे। इसके अलावा वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला, समुद्री सुरक्षा और वैश्विक शासन व्यवस्था में सुधार जैसे अहम विषय भी एजेंडे में शामिल हैं।
फ्रांस के विदेश मंत्रालय की पृष्ठभूमि ब्रीफिंग के मुताबिक बैठक में समुद्री मार्गों की सुरक्षा, नौवहन की स्वतंत्रता और वैश्विक सप्लाई चेन को सुरक्षित रखने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। साथ ही परमाणु सुरक्षा, युद्ध प्रभावित क्षेत्रों के पुनर्निर्माण, बारूदी सुरंगों को हटाने और निवेश जुटाने जैसे मुद्दों पर भी विचार किया जाएगा। इस संदर्भ में European Bank for Reconstruction and Development जैसी संस्थाओं की भूमिका पर भी चर्चा होने की संभावना है।
इस बैठक की खास बात यह है कि इसमें G7 देशों के अलावा India, South Korea, Saudi Arabia, Brazil और Ukraine जैसे गैर-G7 साझेदार देशों को भी आमंत्रित किया गया है। इससे साफ है कि वैश्विक मुद्दों पर व्यापक सहयोग और संवाद को बढ़ावा देने की कोशिश की जा रही है।
बताया जा रहा है कि गुरुवार को ज्यादातर सत्र आयोजित होंगे, जबकि एक अहम सत्र शुक्रवार सुबह होगा। इसके अलावा कई वर्किंग डिनर और अन्य कार्यक्रम भी रखे गए हैं, जिनमें विभिन्न देशों के प्रतिनिधि वैश्विक चुनौतियों पर विस्तृत चर्चा करेंगे।