
Star News 24 DESK: ईरान को लेकर एक बार फिर कड़ा रुख अपनाया है। तेहरान पर हालिया हमलों के बाद ट्रंप ने साफ संकेत दिए कि अमेरिका अपने सैन्य अभियान को जारी रखेगा और जरूरत पड़ने पर जमीनी स्तर पर भी कार्रवाई से पीछे नहीं हटेगा।
ट्रंप ने कहा कि अगर परिस्थितियां मांग करती हैं तो अमेरिकी सेना को सीधे Tehran में उतारने का विकल्प भी खुला है। उनके मुताबिक, अमेरिका अपने रणनीतिक लक्ष्यों को हासिल करने के लिए हर संभव कदम उठाने को तैयार है।
चार बड़े लक्ष्य पर फोकस
राष्ट्रपति ट्रंप ने बताया कि अमेरिका और Israel की संयुक्त कार्रवाई के पीछे स्पष्ट रणनीति है। अभियान का मुख्य उद्देश्य ईरान की मिसाइल क्षमताओं को निष्क्रिय करना है।
- मौजूदा मिसाइल सिस्टम को निशाना बनाना
- नई और उन्नत मिसाइल तकनीक के विकास को रोकना
- सैन्य ठिकानों को कमजोर करना
- क्षेत्रीय सुरक्षा संतुलन बनाए रखना
ट्रंप ने दावा किया कि ऑपरेशन के सकारात्मक परिणाम लगातार सामने आ रहे हैं और अभियान योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ रहा है।
लंबी कार्रवाई के संकेत
सैन्य अभियान की समय-सीमा पर बोलते हुए ट्रंप ने कहा कि शुरुआत में इसे चार से पांच सप्ताह तक सीमित माना गया था, लेकिन हालात बदल चुके हैं।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, “अगर जरूरत पड़ी तो हम लंबे समय तक कार्रवाई जारी रखेंगे। हमारा उद्देश्य स्पष्ट है और हम उसे हर हाल में पूरा करेंगे।”
ट्रंप के इस बयान से साफ है कि अमेरिका फिलहाल पीछे हटने के मूड में नहीं है। मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच यह रुख वैश्विक कूटनीति और सुरक्षा समीकरणों पर गहरा असर डाल सकता है।